Wali Bakhat Warraich - dilrubaa (हिंदी अनुवाद)
[Wali Bakhat Warraich "dilrubaa" के बोल]
[Intro]
क्या करे, क्या न करे मुझको बता मेरे ख़ुदा?
[Verse 1]
आसमानों के परे है एक जहाँ में कहीं
जो तू मिला, तो सब हसीन
जो न मिला, तो कुछ नहीं
अब क्या करे, क्या ना करे
मुझको बता, मेरे ख़ुदा
क्यूँ दी सज़ा, मुझे प्यार की
और दर्द दिया है दवा नहीं
[Bridge]
हर दिन सज़ा, हर दिन दगा
तेरी हर नज़र, तेरी हर अदा
पर हूँ फ़ना, कुछ इस तरह
ओ बेवफ़ा, ये सुन ज़रा
[Verse 2]
फिर चल दीये, और जल गये
सारे दीये जो थे बुझे
तेरी याद में, तेरे सोग में
तेरे हिज्र के रोग में
इस मौज में, एक शोर है
इस शोर में, एक सोच है
सोचे यहाँ, पर हर कोई
कहते क्या लोग भी?
तेरी हर क़ज़ा, कर दूँ अदा
मेरा दिल दिखा, तू है वजह
अब लौट आ, मेरे हमनवा
मेरे दिलरुबा
[Outro]
ओ दिलरुबा
ये बता क्या क्या
तूने, मुझको हाँ
कुछ ऐसे तबाह कर दिया
तू मिलेगा जहाँ
तेरे होने का क्या फ़ायदा?
[Intro]
क्या करे, क्या न करे मुझको बता मेरे ख़ुदा?
[Verse 1]
आसमानों के परे है एक जहाँ में कहीं
जो तू मिला, तो सब हसीन
जो न मिला, तो कुछ नहीं
अब क्या करे, क्या ना करे
मुझको बता, मेरे ख़ुदा
क्यूँ दी सज़ा, मुझे प्यार की
और दर्द दिया है दवा नहीं
[Bridge]
हर दिन सज़ा, हर दिन दगा
तेरी हर नज़र, तेरी हर अदा
पर हूँ फ़ना, कुछ इस तरह
ओ बेवफ़ा, ये सुन ज़रा
[Verse 2]
फिर चल दीये, और जल गये
सारे दीये जो थे बुझे
तेरी याद में, तेरे सोग में
तेरे हिज्र के रोग में
इस मौज में, एक शोर है
इस शोर में, एक सोच है
सोचे यहाँ, पर हर कोई
कहते क्या लोग भी?
तेरी हर क़ज़ा, कर दूँ अदा
मेरा दिल दिखा, तू है वजह
अब लौट आ, मेरे हमनवा
मेरे दिलरुबा
[Outro]
ओ दिलरुबा
ये बता क्या क्या
तूने, मुझको हाँ
कुछ ऐसे तबाह कर दिया
तू मिलेगा जहाँ
तेरे होने का क्या फ़ायदा?